एक साल बेकार गया !!

“एक साल फिर से बेकार गया. मैं चाह कर भी कुछ न कर पाया”. ये वाक्य मैं लगभग हर साल सुनता हूँ. अकसर गलती किसी और की नहीं है बल्कि अफसोस जाहिर करने वाले की ही होती है.

HighJump

Photograph By alexandralee

समस्या यहां खतम नहीं हो जाती, बल्कि उन में से कई लोग कहते है कि आज तक किसी भी साल वे अपने लक्ष्य तक नहीं पहुंच पाये इस कारण वे इस साल कोई लक्ष्य नहीं निर्धारित नहीं करेंगे. मेरी नजर में पराजय के लिये इससे बडी कोई गारंटी नहीं दे सकता.

लोग जब ऊचीकूद का अभ्यास करते हैं तब लक्ष्य हमेशा उनकी सामर्थ से ऊपर रखा जाता है. इसलिये नहीं कि वे उस लक्ष्य तक पहुंच जायेंगे, बल्कि इसलिये कि काम के किसी भी लक्ष्य तक पहुंचने के लिये यह जरूरी होता है कि उससे ऊचा निशाना लगाया जाये. यह मनुष्यसहज बात है कि यदि लक्ष्य नीचा हो तो परिणाम भी नीचा होगा और यदि कोई लक्ष्य ही न हो तो परिणाम बहुत ही निराशाजनक होगा.

जो लोग खेलकूद, जिम्नास्टिकस, गणित आदि की शिक्षा देते हैं वे जानते हैं कि बिना स्पष्ट लक्ष्य के कोई भी इन बातों में आगे नहीं बढ सकता है. यदि हरेक शिक्षार्थी को यह छूट दे दी जाये कि बिना किसी लक्ष्य के वे उन्नति के शिखर छूएं, तो अंत में वे सिर्फ अवनति के गर्त में पहुंचेंगे. मनुष्य जीवन का हर पहलू ऐसा ही है.

यदि पिछले साल आप अपने लक्ष्य को न पा सके तो फिकर न करें. अगले साल के लिये एक व्यावहारिक लक्ष्य चुनिये एवं उसके प्रति समर्पित हो जायें. इसके अगले, एवं इसके अगले साल भी यही करें. लक्ष्य तक न पहुंच पायें तो भी सफलता हर साल आपके कदम छूएगी.

आपने चिट्ठे पर विदेशी हिन्दी पाठकों के अनवरत प्रवाह प्राप्त करने के लिये उसे आज ही हिन्दी चिट्ठों की अंग्रेजी दिग्दर्शिका चिट्ठालोक पर पंजीकृत करें. मेरे मुख्य चिट्टा सारथी एवं अन्य चिट्ठे तरंगें एवं इंडियन फोटोस पर भी पधारें. चिट्ठाजगत पर सम्बन्धित: विश्लेषण, आलोचना, सहीगलत, निरीक्षण, परीक्षण, सत्य-असत्य, विमर्श, हिन्दी, हिन्दुस्तान, भारत, शास्त्री, शास्त्री-फिलिप, सारथी, वीडियो, मुफ्त-वीडियो, ऑडियो, मुफ्त-आडियो, हिन्दी-पॉडकास्ट, पाडकास्ट, analysis, critique, assessment, evaluation, morality, right-wrong, ethics, hindi, india, free, hindi-video, hindi-audio, hindi-podcast, podcast, Shastri, Shastri-Philip, JC-Philip

9 Responses to “एक साल बेकार गया !!”

  1. arvind mishra Says:

    शास्त्री जी ,क्या मैं यह पूछने की जुर्रत कर सकता हूँ कि आप के नववर्ष- संकल्प क्या क्या हैं?हो सकता है हमे इससे कुछ दिशा निर्देश मिले .

  2. दिनेशराय द्विवेदी Says:

    कोशिश इस साल भी करेंगे।

  3. Sanjay Gulati Musafir Says:

    आपकी राय पर अमल होगा।

  4. Shastri JC Philip Says:

    @arvind mishra

    डॉ अरविन्द, संकल्प जीवन के एक या अधिक क्षेत्रों मे लिया जा सकता है — व्यक्तिगत, पारिवारिक, सामाजिक, एवं चिट्ठाकारी जैसे शौकिया विषयों में भी! मैं हर साल इन चार बातों में निर्णय लेता हूँ.

  5. प्रशान्त प्रियदर्शी Says:

    मुझे आज एक बात याद आ रही है जो मैंने अपने पसंद की एक पुस्तक में पढी थी..

    “Failing to plan is planning to fail.”

    पुस्तक का नाम था : “The Monk Who Sold His Ferrari.”

  6. मिहिरभोज Says:

    चलो फिर प्रयास करेंगे पर क्या ये नहीं बताउंगा

  7. mamta Says:

    लोग जब ऊचीकूद का अभ्यास करते हैं तब लक्ष्य हमेशा उनकी सामर्थ से ऊपर रखा जाता है।

    आपकी ये लाइन बहुत अच्छी लगी।

  8. Gyan Pandey Says:

    यह तो भूल ही गये थे कि आत्म विश्लेशण का समय आ गया – वर्ष का अंत है अब!
    याद दिलाने को शुक्रिया।

  9. ravindra.prabhat Says:

    आदरणीय शास्त्री जी,
    संकल्प का कोई विकल्प नही होता !चलिए नए वर्ष का आशान्वित स्वागत किया जाए !

Leave a Reply