टिप्पणीकारों को पहचाने !!

चिट्ठों के लिये टिप्पणीकार उतने ही महत्वपूर्ण हैं जितना कि पेट्रोल किसी मोटरसाईकिल के लिये. बिना पेट्रोल के आप उसे काफी दूर तक धकेल लेंगे, लेकिन सवाल यह है कि धकेलना ही था तो खरीदा क्यों.

जब खरीद ही लिया है तो यह जरूरी है कि असली पेट्रोल, स्तरीय गीयर ऑईल, आदि का ही उपयोग किया जाये. इसी तरह जब आपको टिप्पणियां मिलने लगें तो टिप्पणीकारों के वर्गीकरण के बारें में जानकारी रखनी चाहिये जिससे आपका चिट्ठा पूरी दक्षता से दौडे. मेरा अपना वर्गीकरण नीचे दे रहा हूं. आप टिप्पणी के द्वारा इस वर्गीकरण में जोड, बाकी, आदि कर सकते हैं. टिप्पणी जरूर करें, क्योंकि मुझे भी चाहिये ईधन !! (यहां हर तरह का ईंधन चल जायगा क्योंकि मैं पुराने राजदूत मोटरसाईकिल के जमाने का हूं).

समाजमित्र जी ये बहुत ही उदारमनस्क व्यक्ति हैं, हर दिन कम से कम दो दर्जन चिट्ठों पर टिप्पाते हैं. नये चिट्ठाकार इनके चिट्ठे पर जरूर टिप्पणी करे जिससे इनका प्रोत्साहन आपको नियमित रूप से मिले.
बालदेव ये नये नये आये है, उत्साही है, एवं उदारता से टिप्पणियां देते हैं. ये चिट्ठाजगत के असली नागरिक है. इनको प्रोत्साहित कीजिये, ये कल के समाजमित्र या टिप्पणीरत्न बनेंगे.
यारमित्र जी ये सिर्फ आपने मित्रों एवं अपने “कॉकस” के लोगों को ही टिप्पणी देते हैं. राशन का माल है, कार्डधारियों को ही मिलेगा, आप इसे पाने के हकदार नहीं है. बेकार इनके चिट्ठे पर टिप्पणी करके अपना समय जाया न करें.
शोधीराज जी ये हर चीज को गंभीरता से पढते हैं, विश्लेषण करते हैं, एवं विश्लेषणात्मक टिप्पणी देते है. इनको अपना गुरू मानें. ये आपको काफी ऊंचे जाने में मदद करेंगे.
कुंठासुर महाराज ये हर चीज से कुंठित हैं. इनको सबकुछ बुरा लगता है. ये हरेक की गलती निकालते फिरते है. इन की नजर में कोई भी चिट्ठाजगत में कुछ भी सही नहीं करता है. इनसे बच कर रहें. इनकी टिप्पणियां बहुत आने लगें तो मिटाना शुरू कर दें क्योंकि ये सूर्य की ऊर्जा को भी हिमसागर में बदल सकते हैं.
कामिनीलंपट जी ये कुछ भी नहीं पढते हैं. चिट्ठों में लगभग 90% पुरुष लिखते हैं एवं अधिकतम् 10% स्त्रियां लिखती है. लेकिन ये 90% टिप्पणियां स्त्रीसमाज के लिये आरक्षित रखते हैं एवं 10 प्रतिशत टिप्पणियां (भूल से) बाकी 90% पुरुषों को देते है. इन स्त्रीलंपटों से दूर रहें, ये यहां चिट्ठाबाजी के लिये नहीं बल्कि अन्य एक “बाजी” के लिये आते है.
निराले चाचा जी ये आपसे वरिष्ट चिट्ठाकार है. ये हर चिट्ठाकर की हर तरह से मदद करते हैं. हर परेशानी में आप इनके पास जा सकते है. ये हैं जो आपको चिट्ठाकारी की सीढियां चढायेंगे.
ईशखिलावन ताऊ जी वरिष्टतम चिट्ठाकारों मे से कुछ अभी भी अपने शुरू के दिनों को नहीं भूले हैं. उनका चिट्ठाप्रेम, हिन्दीप्रेम, एवं बालप्रेम आज भी जीवंत है. वे अपनी वरिष्टता को भूल कर हर दम अपने से कनिष्ट चिट्ठाकारों की मदद करते रहते है. उनकी टिप्पणियों में हमेशा कुछ सीख रह्ती है. चिट्ठाजगत इन लोगों का हमेशा आभारी रहेगा. इन लोगों से हमेशा संपर्क रखें.
टिप्पणीरत्न यह वह काल्पनिक चिट्ठाकार है जिसमें कामिनीलंपट जी, यारमित्र जी, एवं कुंठासुर महाराज के अलावा ऊपर बताये बाकी सबके गुण एक साथ मौजूद हैं. आईये हम सभी इस ऊचाई को छूने की कोशिश करें.

सारे वर्गीकरण पुल्लिंग में है, लेकिन कामिनीलंपट जी को छोड कर बाकी सारी श्रेणीयों में कई स्त्रियां भी है, अत: वर्गीकरण को लिंगभेद के बिना पढें.

चिट्ठाजगत पर सम्बन्धित: विश्लेषण, आलोचना, सहीगलत, निरीक्षण, परीक्षण, सत्य-असत्य, विमर्श, हिन्दी, हिन्दुस्तान, भारत, शास्त्री, शास्त्री-फिलिप, सारथी, वीडियो, मुफ्त-वीडियो, ऑडियो, मुफ्त-आडियो, हिन्दी-पॉडकास्ट, पाडकास्ट, analysis, critique, assessment, evaluation, morality, right-wrong, ethics, hindi, india, free, hindi-video, hindi-audio, hindi-podcast, podcast, Shastri, Shastri-Philip, JC-Philip,

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14 Responses to “टिप्पणीकारों को पहचाने !!”

  1. बसन्त आर्य Says:

    आपने बडे अच्छे तरीके से काफ़ी कुछ कह दिया. और मजेदार तरीके से. बुरा किसी को न लगे और कईयो‍ कोअपनी झलक इसमे दिख जाये

  2. उन्मुक्त Says:

    कुछ ऐसे भी हैं जो जान बूझ कर ऐसी टिप्पणी करते हैं कि बवाल मचे। वे चाहते हैं कि आप भी उत्तेजना में लिखें ऐसे लोगों को कभी भी जवाब उत्तेजित होकर न लिखें – शालीनता से लिखें। ऐसे लोग अधिक तो नहीं हैं पर हैं अवश्य। इस बात का हमेशा ध्यान रखें कि हमें आसान लगने वाली बात, अक्सर किसी और को मुश्किल लगती है

  3. संजय बेंगाणी Says:

    रोचक वर्गिकरण है. :)

    अपनी झलक पाने के लिए ऊपर से नीचे तक सारी श्रेणीयाँ देख गया…

    तो हमारी ओर से आपको पेट्रोल मिल गया है.

  4. अनूप शुक्ल Says:

    सही है। मजेदार!

  5. Sanjeev Kumar Says:

    बहुत अच्छा है. टिप्पणियां तो चिट्ठे की जान होती हैं.

    धन्यवाद

  6. vimal verma Says:

    शायद सही लिखा है पर अभी भी मुझे लग रहा है कि कुछ साधारणीकरण तो नहीं है ? टिप्पणीकारों की अभी भी सही सही पहचान होना बाकी है..मुझे ऐसा लग रहा है टिप्पणीकारों को वर्गीक्रित करना इतना आसान नही है.. शायद आप सही हों.. क्योंकि मैने इस बारे में ठीक से सोचा नही है..पर आपने विषय अच्छा चुना है.. चिट्ठेकारों को अपनी ओर आकर्षित करता है..

  7. PARUL Says:

    बडे काम कि बात्………॥ और हम तो निरे कोरे हैं,सो हमारी ईंधन की समस्या आप सबसे ज़्यादा गंम्भीर है ।

  8. समीर लाल Says:

    हर वर्गीकरण के साथ उदाहरण के लिये तीन तीन नाम भी दे देते तो थोड़े से इंधन की बजाय अभी यहाँ पेट्रोल के कुँए खुदे होते और आप सर पर सफेद कपड़ा टांगे शेख हो गये होते. अमरीका ललचाई नजरों से आपको निहार रहा होता दोनों हाथों में बम लिये. :)

    -मैने बहुत कोशिश की अपनी झलक देखने की. दिख नहीं पा रही. थोड़ी मदद किजिये न!! प्लीज!! :)

  9. Shastri JC Philip Says:

    आपको तो हम “ईशखिलावन ताऊ जी” की श्रेणी में रखते है. लेकिन अब नाम देनें की कोशिश करें तो कामिनीलंपट एवं कुंठासुर हमारा चिट्ठा बन्द करवाने की कोशिश चालू कर देते. अत: इस बार नाम नहीं दे रहे हैं !!

  10. Yatish Says:

    इसमे हमारे हनुमान जी का नाम नही आया

  11. श्रीश शर्मा Says:

    मजेदार पोस्ट, वैसे हम आपको ईंधन दिए देते हैं। काफी दिन से हमने कुछ लिखा नहीं, लिखने की सोच रहे हैं। ईंधन लेकर तैय्यार रहिएगा। :)

  12. राजीव Says:

    धन्य हैं शास्त्री जी। बहुत विश्लेषणात्मक और गम्भीर अध्य्यन के परिणाम स्वरूप यह सारगर्भित वर्गीकरण प्रकाशित हुआ है। इसे तो चिट्ठाजगत की धरोहर के रूप में विकी में भी लिख दिया जाय तो क्य कहने!

  13. Sanjay Gulati Musafir Says:

    मथने योग्य जानकारी

  14. प्रवीण त्रिवेदी-प्राइमरी का मास्टर Says:

    हा हा हा हा हा हा हा हा हा

    मजेदार!!!!!!!!!!!!!!!!!

    हाँ
    अगर तथाकथित चाटूकार की उपाधि न मिले तो मैं …..

    @ Shastri JC Philip
    वरिष्टतम चिट्ठाकारों मे से कुछ अभी भी अपने शुरू के दिनों को नहीं भूले हैं. उनका चिट्ठाप्रेम, हिन्दीप्रेम, एवं बालप्रेम आज भी जीवंत है. वे अपनी वरिष्टता को भूल कर हर दम अपने से कनिष्ट चिट्ठाकारों की मदद करते रहते है. उनकी टिप्पणियों में हमेशा कुछ सीख रह्ती है. चिट्ठाजगत इन लोगों का हमेशा आभारी रहेगा. इन लोगों से हमेशा संपर्क रखें.

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